दुमका. हजारीबाग के बडकागांव में एनटीपीसी का विरोध कर रहे निहत्थे लोगों पर की गयी पुलिस फायरिंग में चार लोगों के मारे जाने के बाद से पूरे राज्य में सरकार के खिलाफ जो उबाल दिख रहा है उस कड़ी में झारखण्ड की उपराजधानी दुमका में बुधवार को विरोधी दलों का एक संयुक्त मोर्चा सड़कों पर आ गया। शहर में इस घटना की न्यायिक जाँच चाहिए। सदन में झारखण्ड विकास मोर्चा के नेता प्रदीप यादव ने कहा विभिन्न विपक्षी पार्टियों के कार्यकर्त्ता पहली बार संगठित हो कर रघुवर सरकार के खिलाफ सड़कों पर देखे गएण् इसका नेतृत्व प्रदीप यादव कर रहे थे। झाविमो के केंद्रीय कमिटी के सदस्य पिंटू अग्रवाल ने कहा सरकार ने उद्योगपतियों को जमीन दिलाने के लिए जमीन से जुड़े लोगों पर गोलियां चलवा दीए इससे बड़ा दुरभाग्य और क्या हो सकता है। दुमका के उपायुक्त के माध्यम से राज्यपाल को एक संयुक्त ज्ञापन देते हुए विपक्षी दलों की मांग है कि दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ करकार कार्रवाई करे साथ ही प्रत्येक मृतक के परिवार को 25.25 लाख का मुआवजा देण् साथ ही भूमि अधिग्रहण अधिनियम 2013 का सख्ती से पालन किया जाए। मौके पर राजद जिलाध्यक्ष अमरेन्द्र यादव, कांग्रेस के संजीत सिंह, महेशराम चंद्रवंशी, सीपीएम के एहतेशाम अहमद आदि मौजूद थे।








