दुमका।
सिदो-कान्हु मुर्मू विश्वविद्यालय के अंतर्गत आनेवाले एसपी विधि
कॉलेज व देवघर विधि कॉलेज में एसपीटी एक्ट पढ़ाए जाने के लिए बुधवार को
कुलाधिपति सह राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू को आवेदन भेजने के बाद सिनेट सदस्य
गरीब दास ने प्रतिलिपि कुलपति डॉ. कमर अहसन को दी। सदस्य ने कहा कि संताल
परगना में दो विधि कॉलेज के सिलेबस में एसपीटी एक्ट के बारे में नहीं
पढ़ाया जाना दुखद है। विधि पाठ्यक्रम समाप्ति के उपरांत अधिकांश छात्र इन
छह जिलों के न्यायालय में ही अभ्यास करेंगे। उन्हें अपने जिलों के जमीन
संबंधित कानून के बारे में ही पता नहीं है। ऐसी स्थिति में वे किस तरह
पीड़ित को न्याय दिला सकेंगे। हाल ही में एसपीटी एक्ट में हुए संशोधनों के
बारे में विधि के छात्र ज्यादा कुछ नहीं जानते हैं। संशोधन से रैयतों को
किस प्रकार लाभ होगा। विधि का सिलेबस तैयार करते समय यह भी ध्यान नहीं
दिया गया कि एसपीटी एक्ट इसमें जोड़ा जाए, बल्कि सीएनटी एक्ट के बारे में
पढ़ाया जाता है। स्वयं सिलेबस तैयार नहीं कर रांची विश्वविद्यालय के
सिलेबस को लागू कर दिया है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। आज भी सिलेबस के ऊपर
नागपुर लॉ कॉलेज लिखा हुआ है। सिलेबस में एसपीटी एक्ट जोड़ने की मांग की
है.
विधि की पढ़ाई में शामिल हो एसपीटी एक्ट-गरीब दास








